Ganga Pushpanjali

हमारी पावन गाथा

श्रद्धा भाव से प्रेरित, अगाध प्रेम से समर्पित

गंगा पुष्पांजलि का संकल्प प्रत्येक उस श्रद्धालु के लिए है, जिसका हृदय माँ गंगा के दर्शन और पूजन को आतुर है, किंतु वे साक्षात उनके पावन तटों तक नहीं पहुँच पा रहे हैं।

पावन गंगा आरती एवं पुष्पांजलि

हमारा पावन उद्देश्य

विश्वभर के श्रद्धालुओं की प्रार्थनाओं और आस्था को ऋषिकेश में माँ गंगा के पावन तटों तक पहुँचाना — प्रत्येक अनुष्ठान को उसी आत्मीयता और भक्ति भाव से संपन्न करना जैसे वह हमारा स्वयं का संकल्प हो। हमारा विश्वास है कि केवल दूरी, समय या भौगोलिक सीमाओं के कारण किसी भी भक्त को ईश्वरीय कृपा से दूर अनुभव नहीं होना चाहिए।

हमारा पावन वचन

सर्वोपरि प्रामाणिकता और प्रत्येक चरण में पूर्ण पारदर्शिता। निष्काम सेवा का वह भाव — जहाँ किसी अन्य के संकल्प का माध्यम बनना स्वयं में एक दिव्य साधना है। आपके द्वारा अर्पित प्रत्येक पूजा का स्पष्ट फोटो एवं वीडियो प्रमाण तैयार कर अनुष्ठान संपन्न होने के 24 घंटे के भीतर सीधे आपको प्रेषित किया जाता है।

हमारी पावन यात्रा

हृदयों और माँ गंगा के पावन जल के बीच एक दिव्य सेतु

गंगा पुष्पांजलि की शुरुआत एक आत्मीय पत्र से हुई — टोरंटो में रहने वाली एक बुजुर्ग दादी माँ ने ऋषिकेश के एक युवा तीर्थ पुरोहित को पत्र लिखकर पूछा कि क्या वे उनकी ओर से माँ गंगा को पुष्प अर्पित कर सकते हैं? उन्होंने अपने दिवंगत पति को कभी ऋषिकेश आने का वचन दिया था, किंतु वृद्धावस्था के कारण वे स्वयं यह यात्रा करने में असमर्थ थीं।

वह एक अकेला संकल्प देखते ही देखते सैकड़ों संकल्पों में परिवर्तित हो गया। आज हम 30 से अधिक देशों के श्रद्धालुओं की सेवा कर रहे हैं — उन परिवारों की ओर से पुष्पांजलि, गंगा आरती एवं दीपदान संपन्न करते हुए, जो माँ गंगा के पावन जल को हाथों में भले न भर सकें, किंतु उन्हें सदा अपने हृदय में संजोकर रखते हैं।

10,000+
संपन्न पावन अर्पण
30+
देशों के श्रद्धालु
12
वैदिक तीर्थ पुरोहित
24 घंटे
वीडियो व फोटो प्रमाण

हमारे पावन मूल्य

प्रामाणिक वैदिक परंपरा

प्रत्येक अनुष्ठान ऋषिकेश के सुयोग्य व अनुभवी पुरोहितों द्वारा प्राचीन शास्त्रसम्मत एवं वैदिक मर्यादाओं के अनुसार संपन्न किया जाता है।

पारदर्शिता एवं अटूट विश्वास

प्रत्येक अर्पण का स्पष्ट फोटो एवं वीडियो प्रमाण। कोई औपचारिकता नहीं, कोई अधूरापन नहीं — केवल निष्काम व निश्छल सेवा भाव।

समर्पण भाव सर्वोपरि

हम प्रत्येक यजमान के नाम व संकल्प को उसी आत्मीयता से लेते हैं, जिस श्रद्धा से पुरोहित अपने स्वयं के परिवार की प्रार्थना करते हैं।

पवित्रता एवं दिव्यता

ताजे सुगंधित पुष्प, शुद्ध मिट्टी के दीप और शुद्ध वैदिक संकल्प — यहाँ पूजन व सेवा का प्रत्येक सूक्ष्म विवरण ईश्वर को समर्पित एक प्रार्थना है।

आज ही जुड़ें माँ गंगा की पावन कृपा से

अपना पावन अर्पण आरंभ करें, अथवा माँ गंगा की इस निष्काम सेवा में सहभागी बनें।

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